
दोस्तों आज के समय में गाल ब्लैडर स्टोन एक आम समस्या बनती जा रही है। और लोग जाने अनजाने में अपना गाल ब्लैडर रिमूव करा देते है ।
हमें जब भी पेट के दाएं हिस्से में लीवर के आसपास जहां पर मेरी पसलियां खत्म होती हैं वहां पर जब दर्द महसूस होता है तो हमें आभास होता है कि शायद मुझे पथरी हो गई है और जब हम अल्ट्रासाउंड कराते हैं तो मुझे पता चलता है कि हमें पित्त की पथरी हो गई है। और हम बहुत ज्यादा घबरा जाते हैं।

क्योंकि जो लोग हमारा अल्ट्रासाउंड कर रहे होते हैं वह लोग एलोपैथ से संबंधित होते हैं वह लोग सिर्फ इतना ही जानते हैं कि अब इसका ऑपरेशन करना पड़ेगा। और फिर हम किसी सर्जन को ढूंढ कर अपना गाल ब्लैडर निकलवा कर अपनी बाकी बची पूरी जिंदगी बर्बाद और परेशानियों से भर लेते हैं।

दोस्तों ऐसा ही कुछ मेरे साथ हुआ, मुझे आज के 1 साल पहले पेट के दाएं हिस्से में रात में दर्द हुआ सुबह हमने डॉक्टर को दिखाया डॉक्टर ने मुझे अल्ट्रासाउंड करने का सुझाव दिया। तुरंत ही हमने अल्ट्रासाउंड कराया क्योंकि रात में मुझे दर्द काफी तेज हो गया था। कुछ ही देर में मेरा अल्ट्रासाउंड हो गया और रिपोर्ट आ गई।।
मुझे गाल ब्लैडर में 11 एमएम की पथरी थी। सुनकर हम सभी परेशान हो गए क्योंकि मेरी फैमिली में मेरे भाई को मेरी बहन को और मेरी मां को गॉलब्लैडर में पथरी हो चुकी थी, और उन्होंने उसका ऑपरेशन करा लिया था।
अब मेरा पूरा परिवार मेरे ऑपरेशन की तैयारी करने लगा।।।।

लेकिन मैं खामोश कुछ रास्ता ढूंढता रहता।।

दोस्तों मैं जानता हूं और आप भी जान लो की एलोपैथिक के पहले नेचुरोपैथी होम्योपैथी और हमारा आयुर्वेद जो कि मानव सभ्यता के साथ ही प्रकाश में आया था वह आज भी इतना कारगर है कि जिन बीमारियों में हमारी एलोपैथी के पास कोई इलाज नहीं है,वहां भी यह अपना असर दिखाते हैं।।
दोस्तों हमारा ट्रीटमेंट हमने खुद किया और आज 6 महीने बाद मैं एकदम स्वस्थ हूं और तमाम मेरे वह दोस्त जो डॉक्टर थे या कहीं मेडिकल लाइन से जुड़े थे वह सब बहुत परेशान है लेकिन मैं आज स्वस्थ हूं और अपना अनुभव आपसे साझा कर रहा हूं। दोस्तों इस गॉलब्लैडर स्टोन की वजह से ही हम काफी दिनों से आपसे नहीं जुड़ पाए।
अल्कलाइन वॉटर बनाना सीखे।।

1 लीटर साफ पानी किसी कांच के या प्लास्टिक के बर्तन में ले लें। उसके बाद उसमें कुछ पुदीना की पत्तियां, चार-पांच खीरे की स्लाइस, आधा कटा हुआ नींबू स्लाइस किया हुआ। और इसके अलावा अगर आपके पास गाजर चुकंदर या सलाद में खाने वाली कोई भी चीज आवला मिल जाता है तो बहुत ही अच्छा है। यह सारी चीज उसमें डालकर आप इस पानी को सात से आठ घंटे के लिए छोड़ दें उसके बाद यह आपका नेचुरल अल्कलाइन वॉटर बन जाएगा। दोस्तों आज के समय में जो कंपनियां अल्कलाइन वॉटर बेच रही है वह इसे बहुत ही महंगा बेच रही है यहां तक की इसकी रेट ₹2000 लीटर तक है लेकिन हमने आपको जो विधि बताई है यह एकदम नेचुरल और हमारे पुराने वेदों के हिसाब से है इस पानी का लगातार सेवन करने से हमारा पूरा शरीर डिटॉक्स होता है और शरीर से सारे अवांछित तत्व स्वतः ही निकल जाते हैं।। यह पित्त पथरी को निकलने का अद्भुत एवं चमत्कारी उपाय है।।
अल्कलाइन फूड और विटामिन सी युक्त खाद्य पदार्थ

Lemon tea/नींबू की चाय
दोस्तों नींबू की चाय हमारे बॉडी को डिटॉक्स करने में बहुत मदद करती है हमारे लीवर की सारी गंदगी को बाहर निकालती है। बस आप इतना ध्यान रखें कि आप इसमें चीनी या शक्कर ना डालें। लेमन टी आप ग्रीन टी या साधारण चाय की पत्ती से बना सकते हैं, उसमें आप कई और चीज डाल सकते हैं।

Apple vinegar/ सेब का सिरका
ज्यादा से ज्यादा कच्चे फल खाने की कोशिश करें।
सेब का सिरका गजब के स्वास्थ्य लाभों के लिए जाना जाता है. ये न सिर्फ ब्लड शुगर लेवल को कंट्रोल करने बल्कि एलडीएल या ‘खराब’ कोलेस्ट्रॉल को कम करने, एंटी-बैक्टीरियल गुणों, वजन घटाने में सहायता और पाचन में सुधार करने की क्षमता के लिए जाना जाता है.
पाचन सुधार की बात करें तो इसका सीधा मतलब होता है हमारे लीवर से अगर हमारा लीवर पूरी तरह साफ है तो हमारे गाल ब्लैडर में पथरी बन ही नहीं सकती इसके अलावा एप्पल विनेगर में कुछ ऐसे केमिकल पाए जाते हैं जो पथरी को गलाने की क्षमता रखते हैं।
तो इसके लिए हमें एक गिलास पानी में चार चम्मच एप्पल विनेगर मिलाकर पीने से पित्त की पथरी दो-तीन महीने में शर्तिया निकल जाती है।

गाजर चुकंदर और खीरा का रस
गाजर चुकंदर और खीरे को बराबर बराबर मात्रा में मिक्सी में पीसकर या जूसर से जूस निकालकर दिन में दो-तीन बार पिए।।

दोस्तों यह जूस हमारे बॉडी के हर एक अंग को विषाक्त पदार्थ से निजात दिलाता है, यह लीवर की भरपूर सफाई करता है और फाइबर से भरपूर होने के कारण यह अपने साथ में जो हमारे स्टोन का वेस्टेज होता है जिसको हम नींबू की चाय और सेब का सिरका लेकर के तोड़ते हैं, तो पत्थर के छोटे छोटे टुकड़े हो जाते हैं, जिसको निकालने में यह जूस बड़ा कारगर है।
Avoid! परहेज
दोस्तों यह जरूर आप समझ ले हमारा शरीर भी एक मशीन है, जैसे हमारे व्हीकल हैं हर व्हीकल का अपना एक फ्यूल होता है अपनी अपनी रिक्वायरमेंट होती है ।

इस तरह हमारी यह ह्यूमन बॉडी भी है जिसे थोड़ा हमें समझने की जरूरत है।
पथरी क्यों बनती है? हम इसको समझते हैं । ज्यादातर पथरिया आपने सुना होगा की कैल्शियम से बनती है लेकिन यह सच्चाई नहीं है।
अभी हाल के तमाम रिसर्च से यह सच्चाई सामने आई है, कि कार्बोहाइड्रेट और कोलेस्ट्रोल मिल कर के गाल ब्लैडर की पथरी का निर्माण करते हैं जो कि पहले लिवर में इकट्ठा होती है और फिर धीरे-धीरे यह लिवर से हमारे पित्त की थैली में इकट्ठा होने लगती है, और धीरे-धीरे यह सख्त होकर पत्थर का रूप ले लेती है।
इससे हमें यह समझ में आता है कि हमें चीनी शक्कर और मीठा लगभग एकदम अवॉइड करना है, जब तक हमारी पथरी पूरी तरह निकल नहीं जाती है।
मुझे लगता है,ऑपरेशन करा कर गाल ब्लैडर निकलवाने से अच्छा है कि कुछ दिन के लिए परहेज कर लिया जाए और जबान पर अपनी कंट्रोल किया जाए।।
आप कुछ दिन तक दूध दही मक्खन घी तेल रिफाइंड या कोई भी तेल से संबंधित कोई भी चीज ना लें। दोस्तों कुछ दिन के लिए रोटी और चावल कम से कम खाने की कोशिश करें। क्योंकि इन दोनों चीजों में कार्बोहाइड्रेट अधिक मात्रा में होता है, आप लोगों को विटामिन सी वाले छारीय भोजन को प्राथमिकता देनी है।
दोस्तों आप विश्वास करें तीन से चार महीने में आपकी पथरी गल कर निकल जाएगी। और आप पूरी तरह से स्वस्थ हो जाएंगे और फिर से कुछ भी अपने मन का खा पी सकेंगे।।
और दोस्तों यहां पर मैं आपको एक होम्योपैथिक दवा की भी सलाह दूंगा यह दावा भी बहुत ही फायदेमंद है।

धन्यवाद दोस्तों आपको हमारी यह पोस्ट कैसी लगी कमेंट में जरूर बताइएगा।।